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महाकालेश्वर मंदिर में आम श्रद्धालुओं का भस्मार्ती प्रवेश प्रतिबंधित

👤 manish kumar | Updated on:21 March 2020 6:07 AM GMT

महाकालेश्वर मंदिर में आम श्रद्धालुओं का भस्मार्ती प्रवेश प्रतिबंधित

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उज्जैन। कोरोना वायरस को लेकर जिस तरह से सतर्कता बरती जा रही है, उसके चलते महाकाल मंदिर के पुजारियों-पुरोहितों के साथ मंदिर प्रशासक ने सोमवार को बैठक लेकर महत्वपूर्ण निर्णय लिए हैं। अब महाकालेश्वर मंदिर में भस्मार्ती में श्रद्धालुओं का प्रवेश पूर्णत: प्रतिबंधित रहेगा। पुजारी-पुरोहितों द्वारा नियमित भस्मार्ती परंपरानुसार की जाएगी, वहीं अन्य आरतियां भी सम्पन्न होंगी। गर्भगृह में भी भक्तों का प्रवेश निषेध रहेगा। प्रात: 6 बजे से भक्तों को दर्शन के लिए प्रवेश दिया जाएगा। दर्शन व्यवस्था चलायमान रहेगी। पीतल के बेरीकेड्स से भक्त दर्शन करते आगे बढ़ते जाएंगे।

मंदिर प्रशासक सुजान सिंह रावत ने इसकी जानकारी देते हुए बताया कि आगामी आदेश तक गर्भगृह में तथा भस्म आरती प्रवेश पूर्णत: प्रतिबंधित रहेगा। परम्परा अनुसार महाकाल मन्दिर के पुजारियों द्वारा भस्मार्ती एवं अन्य आरतियां निर्धारित समयानुसार होगी। उन्होंने बताया कि महाकालेश्वर मन्दिर में प्रतिदिन हजारों श्रद्धालु दर्शन करने आते हैं। स्वास्थ्य सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए आम श्रद्धालुओं के हित एवं कोरोना वायरस के संक्रमण से जान-माल को सुरक्षित रखने के लिये शासन द्वारा जारी एडवायजरी के अनुसरण में मन्दिर प्रबंध समिति ने मंदिर के सभी पुजारी, पुरोहितों से चर्चा कर निर्णय लिया है कि आगामी आदेश तक गर्भगृह एवं महाकाल भगवान की प्रतिदिन प्रात: होने वाली भस्म आरती में श्रद्धालुओं का प्रवेश पूर्णत: प्रतिबंधित किया जाए। भस्मार्ती एवं अन्य आरतियां निर्धारित परम्परा अनुसार पुजारी.पुरोहितों द्वारा की जाएगी।

रातव ने बताया कि मन्दिर में प्रवेश करने वाले सभी दर्शनार्थियों की प्रवेश द्वारों पर स्क्रीनिंग की जाएगी। मन्दिर में आने वाले दर्शनार्थियों का प्रवेश प्रात: 6 बजे से होगा ओर दर्शन व्यवस्था चलायमान रहेगी। मन्दिर परिसर स्थित अन्य मन्दिरों में बांधे जाने वाले रक्षासूत्रए कलावाए धागेए डोरे इत्यादि बांधने पर पूर्णत: प्रतिबंधत रहेगा।

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